डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय समय अनुसार 8 अप्रैल को सुबह में हीं ईरान-इजरायल और अमेरिका के बीच सीजफायर का एलान तो हो गया है लेकिन पश्चिम एशिया में अब भी शांति नहीं हुई है। सीज़फायर की घोषणा के बाद फिर से इजरायल ने लेबनान की राजधानी बेरूत सहित कई स्थानों पर बमबारी की है।
खबर के अनुसार ये हमला अब तक की सबसे बड़ी हमला थी जिसमें अधिकारियों के अनुसार कम से कम 254 लोग मारे गए हैं और 1,165 से अधिक लोग घायल हुए हैं। इससे पहले इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा था कि लेबनान को युद्धविराम में शामिल नहीं किया जाएगा।
हमले के बाद लेबनान ने गुरुवार को शोक दिवस घोषित किया
इस विनाशकारी इजरायली हमलों के बाद लेबनान ने गुरुवार को शोक दिवस घोषित किया है, जिसमें देश भर में 200 से अधिक लोग मारे गए हैं और 1,000 से अधिक घायल हुए हैं।
इस हमले के बाद एक्स पर एक पोस्ट में ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने चेतावनी दी है कि अमेरिका को युद्धविराम या इजरायल के माध्यम से युद्ध जारी रखने में से किसी एक को चुनना होगा।
अब्बास अराघची ने पोस्ट में कहां की ईरान-अमेरिका युद्धविराम की शर्तें स्पष्ट और साफ हैं, अमेरिका को चुनना होगा – युद्धविराम या इजरायल के माध्यम से जारी युद्ध। वह दोनों एक साथ नहीं रख सकता। आगे कहां की लेबनान में हो रहे नरसंहार को पूरी दुनिया देख रही है। अब गेंद अमेरिका के पाले में है, और दुनिया देख रही है कि क्या वह अपनी प्रतिबद्धताओं पर अमल करेगा।
ईरान के अधिकारी अल जजीरा को बताया कि
ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अल जजीरा को बताया है कि देश लेबनान में इजरायल द्वारा किए गए अपराध और युद्धविराम की शर्तों के उल्लंघन के जवाब में उसे दंडित करेगा। अधिकारी ने कहा कि युद्धविराम में यह क्षेत्र भी शामिल है, और इजरायल वादे तोड़ने के लिए जाना जाता है और उसे केवल गोलियों से ही रोका जा सकता है।
खतरे में आया सीज़फायर
अगर इसराइल ऐसे ही युद्ध विराम का उल्लंघन करते रहा तो सीज़फायर टूट सकती है और तनाव फिर से बढ़ सकता है। यह चेतावनी तब आई है जब ईरान ने बुधवार को इस बात के लिए इजरायल को दोषी ठहराया कि उसने दो सप्ताह के लिए शत्रुता को रोकने के लिए अमेरिका और ईरान के बीच क्षेत्र में हुए नाजुक युद्धविराम को खतरे में डाल दिया है, और चेतावनी दी है कि इजरायली सेना द्वारा लेबनान पर लगातार हमले समझौते के टूटने और होर्मुज जलडमरूमध्य में नए सिरे से तनाव पैदा होने का कारण बन सकते हैं।
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